इटारसी। समाज सेवा का अर्थ केवल भौतिक मदद नहीं, बल्कि शारीरिक, मानसिक और पर्यावरणीय स्तर पर सशक्तिकरण भी है। इसी उत्कृष्ट सोच को चरितार्थ करते हुए ‘लायंस क्लब इटारसी कपल’ ने ग्राम जमानी स्थित महर्षि दयानंद गुरुकुल आश्रम में एक बहुआयामी सेवा प्रकल्प का आयोजन किया। क्लब के अध्यक्ष लायन डॉ. रवींद्र गुप्ता की अध्यक्षता में आयोजित इस कार्यक्रम में बच्चों को पोषण, प्रकृति प्रेम और देशभक्ति की अनूठी सौगात दी गई।
पोषण के साथ बीमारियों से बचाव की जानकारी
लायंस डिस्ट्रिक्ट के निर्देशानुसार मनाए जा रहे ‘हंगर सप्ताह’ के तहत वात्सल्य हॉस्पिटल के सौजन्य से गुरुकुल के बच्चों को प्रोटीन युक्त आहार और ताजे फलों का वितरण किया। इस दौरान बच्चों को केवल आहार ही नहीं दिया, बल्कि बारिश के मौसम में पनपने वाली मौसमी बीमारियों से बचाव के लिए स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण और उपयोगी जानकारियां भी प्रदान की गईं।
पर्यावरण का पाठ : रोपे गए 10 फलदार व छायादार पौधे
प्रकृति संरक्षण का संदेश देते हुए गुरुकुल प्रांगण में 10 फलदार और छायादार पौधों का रोपण किया। इस अवसर पर क्लब सचिव लायन डॉ. अभिषेक सोनी ने बच्चों को पेड़ों के वैज्ञानिक और औषधीय महत्व से रूबरू कराया। उन्होंने विस्तार से बताया कि कैसे पेड़-पौधे हमें प्रदूषित गैसों से बचाते हैं और किस तरह वनस्पतियों से बनने वाली औषधियां कई बीमारियों के इलाज में संजीवनी का काम करती हैं।
योग से निखरेगी मेधा, तिरंगे से जगा राष्ट्रप्रेम
बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए पूर्व अध्यक्ष लायन श्रद्धा अग्रवाल ने योग और मेडिटेशन का विशेष सत्र लिया। उन्होंने बच्चों को स्मरण शक्ति बढ़ाने के गुर सिखाए और आंखों की रोशनी तेज करने के लिए विशेष आई-एक्सरसाइज (नेत्र मुद्राओं) का अभ्यास कराया। इसके साथ ही, लायंस कपल के सदस्यों ने गुरुकुल के बच्चों के साथ देशभक्ति गीतों की गूंज के बीच प्रांगण में ‘तिरंगा यात्रा’ निकालकर राष्ट्रप्रेम का जज्बा जगाया।
इस अनूठी पहल के लिए गुरुकुल प्रबंधन की ओर से आचार्य सत्यप्रिय और विद्यार्थियों ने प्रसन्नता जताते हुए लायंस क्लब कपल का हृदय से धन्यवाद किया। वहीं, क्लब के कोषाध्यक्ष लायन डॉ. विजयंत बडकुल ने गुरुकुल प्रबंधन के प्रति आभार ज्ञापित किया। कार्यक्रम में क्लब की चार्टर अध्यक्ष प्रीति दुबे, डॉ. पूजा गुप्ता, राशि साहू, निकिता जैन, विनीता बडकुल, शिल्पी सराठे, संजय अग्रवाल और विवेक वर्मा की विशेष उपस्थिति रही।











