इटारसी। 80 वे स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर पर शहर में देशभक्ति के साथ-साथ इंसानियत और सेवा भाव की एक बेहद प्रेरक मिसाल देखने को मिली। आजादी के इस जश्न में वरिष्ठ समाजसेवी सुरेश करिया और ‘निस्वार्थ सहायता संगठन’ ने उन मेहनतकश लोगों की सुध ली, जो खुले आसमान के नीचे हर मौसम की मार सहकर अपना और अपने परिवार का पेट पालते हैं।
संगठन ने सड़क किनारे व्यापार करने वाले रेहड़ी मजदूरों, छोटे हाथ ठेला चालकों और फल-सब्जी विक्रेताओं को धूप और बारिश से बचाव के लिए बड़े छातों का वितरण किया गया।
दर्द को समझा, दी राहत की छांव
सड़क किनारे या ठेले पर दिन भर खड़े रहकर व्यापार करने वाले इन छोटे व्यवसायियों को अक्सर चिलचिलाती धूप और अचानक होने वाली बारिश से भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। मौसम की मार से कई बार उनकी ताजी फल-सब्जियां और अन्य सामग्री भी खराब हो जाती है, जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। गरीब और छोटे व्यापारियों की इसी दैनिक पीड़ा और भावना को गहराई से समझते हुए सुरेश करिया और ‘निस्वार्थ सहायता संगठनÓ ने यह सराहनीय कदम उठाया।
सामान और सेहत, दोनों रहेंगे सुरक्षित
इन बड़े और मजबूत छातों के मिलने से अब ये छोटे व्यापारी सुरक्षित रूप से अपना व्यवसाय कर सकेंगे। बारिश का पानी हो या तेज धूप, यह छाता उनके लिए एक बड़े संबल का काम करेगा। छाता पाकर इन व्यवसायियों के चेहरों पर जो मुस्कान और राहत के भाव थे, वह इस सेवा कार्य की सार्थकता को खुद बयां कर रहे थे।
स्वतंत्रता दिवस के राष्ट्रीय पर्व के बीच समाज के इस मेहनतकश तबके की फिक्र करने वाली इस अनूठी पहल की शहर भर में चौतरफा सराहना हो रही है। यह कार्य इस बात का प्रमाण है कि अपने साथी नागरिकों के प्रति ऐसी संवेदना और निस्वार्थ सेवा ही समाज की सच्ची शक्ति है।











