इटारसी। महिला एवं बाल विकास विभाग और स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त तत्वावधान में, शासकीय श्यामा प्रसाद मुखर्जी अस्पताल में आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं के लिए एक दिवसीय प्रशिक्षण मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, पोषण, और बच्चों के मानसिक स्वास्थ्य से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर जानकारी देकर सशक्त बनाने के उद्देश्य से दिया गया।
पोषण माह 2025 और सेवा पखवाड़ा
पोषण अभियान की विकासखंड समन्वयक सुश्री हिना खान ने कार्यकर्ताओं को बताया कि सितंबर महीने को राष्ट्रीय पोषण माह के रूप में मनाया जाता है। इस वर्ष, इसका आठवां संस्करण ‘मोटापा (ओबेसिटी)’ की रोकथाम और जागरूकता पर केंद्रित है। उन्होंने कहा कि 17 सितंबर से 16 अक्टूबर तक हर वार्ड और आंगनवाड़ी स्तर पर स्वास्थ्य शिविर आयोजित किए जाएंगे। इसके साथ ही, 17 सितंबर से 2 अक्टूबर तक पूरे प्रदेश में ‘सेवा पखवाड़ा अभियान’ चलेगा, जिसमें स्वच्छता, स्वास्थ्य, टीकाकरण, पौधारोपण और पोषण से जुड़ी गतिविधियां शामिल होंगी।
प्रमुख स्वास्थ्य अभियानों पर प्रशिक्षण
स्वास्थ्य पर्यवेक्षक श्रीमती आशा ठाकुर और श्रीमती वंदना राज ने महत्वपूर्ण स्वास्थ्य अभियानों राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस के विषय में कार्यकर्ताओं को बताया कि 23 सितंबर से शुरू हो रहे इस अभियान के तहत 1 से 19 वर्ष तक के सभी बच्चों और किशोरों को एल्बेंडाजोल की गोली दी जाएगी, एनीमिया की रोकथाम के लिए आईएफए टैबलेट और सिरप के वितरण पर जोर दिया। उन्हें फोर्टिफाइड चावल (सूक्ष्म पोषक तत्वों से भरपूर चावल) के बारे में भी बताया गया, जो सरकारी योजनाओं में शामिल किया गया है। कार्यकर्ताओं को 12 अक्टूबर से शुरू होने वाले पल्स पोलियो अभियान में सक्रिय भूमिका निभाने और शून्य से पांच वर्ष तक के सभी बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाने के लिए प्रेरित किया गया।
डिजिटल माध्यम और उमंग कार्यक्रम
प्रशिक्षण के दौरान iGOT लर्निंग प्लेटफॉर्म और मिशन कर्मयोगी की भी जानकारी दी गई, जिससे कार्यकर्ता डिजिटल माध्यम से अपने कौशल का विकास कर सकें। बाल संरक्षण टीम से त्रिलोकी ने ‘उमंग कार्यक्रम’ के बारे में बताया, जिसके तहत किशोर-किशोरियों को स्वास्थ्य, जीवन कौशल और सामाजिक बुराइयों से बचाव की जानकारी दी जा रही है।
प्रभारी परियोजना अधिकारी श्रीमती दीप्ति शुक्ला, पोषण अभियान समन्वयक हिना खान, और पर्यवेक्षक श्रीमती अर्चना बस्तवार, श्रीमती रेखा चौरे और श्रीमती मीना गाठले सहित कई अधिकारी उपस्थित रहे। सभी ने आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं की सराहना करते हुए उन्हें सरकारी योजनाओं को आम लोगों तक पहुंचाने की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी बताया। सभी कार्यकर्ताओं ने समाज को इन सभी अभियानों से जोडऩे का संकल्प लिया।








