पुलिस ने दो टूक कहा, ट्रैफिक रूल्स सख्ती से पालन कराए जाएंगे

ट्रैफिक व्यवस्था सुधार की कवायद, पुलिस, नपा और आटो चालकों की बैठक हुई ये भी पालन करना होगा सवारी आटो चालकों को वर्दी और नेम प्लेट जरूरी समस्त दस्तावेज 15 जनवरी तक दिखाना आवश्यक बिना पर्याप्त कागजात के आटो संचालन नहीं हो सकेगा

ट्रैफिक व्यवस्था सुधार की कवायद, पुलिस, नपा और आटो चालकों की बैठक हुई
ये भी पालन करना होगा
सवारी आटो चालकों को वर्दी और नेम प्लेट जरूरी
समस्त दस्तावेज 15 जनवरी तक दिखाना आवश्यक
बिना पर्याप्त कागजात के आटो संचालन नहीं हो सकेगा
ये भी दिए गए निर्देश
आटोरिक्शा में लायसेंस, परमिट व अन्य कागजात की फोटोकापी रखें
दिन और रात में आटो चलाने वालों की सूची नपा और पुलिस को दें
रेलवे स्टेशन के गेटों पर किसी स्थिति में आटो खड़े नहीं किए जाएंगे
लोडिंग आटो केवल सामान उठाने बाज़ार में घुसेगा, सवारी नहीं लेगा
विकलांग, असहाय को बैंक ले जाने के लिए सवारी आटो को छूट है
देहात जाने वाले क्षमता से अधिक सवारी भरते हैं, अब ऐसा नहीं करें
ड्रायविंग सीट पर एक ही व्यक्ति बैठेगा, सवारी 5 से अधिक नहीं होगी
15 जनवरी तक स्टेशन चौकी पर कागजात देखकर की जाएगी नंबरिंग
इटारसी। शहर की ट्रैफिक व्यवस्था में सुधार के लिए आज सुबह यहां गांधी वाचनालय में पुलिस, नगर पालिका और आटो चालकों की एक बैठक हुई। पुलिस अधिकारियों और नगर पालिका ने आटो चालकों को साफ शब्दों में कह दिया है कि बिना नियम पालन करे, आटो संचालन नहीं होने दिया जाएगा। जिसके पास पर्याप्त कागजात होंगे वही आटो सड़कों पर चलेंगे अन्यथा कार्रवाई की जाएगी। गांधी वाचनालय परिसर में सीएमओ सुरेश दुबे, एसडीओपी अनिल शर्मा, जीआरपी थाना प्रभारी बीएस चौहान, आरपीएफ से सब इंस्पेक्टर विजय सिंह और ट्रैफिक इंस्पेक्टर नागेश वर्मा सहित सैंकड़ों आटो चालक और उनके संघ के महेश तिवारी और विक्रम डागोरिया मौजूद थे।
बैठक में सीएमओ सुरेश दुबे ने बताया कि पिछले दो वर्ष में शहर में आटोरिक्शा की संख्या में दोगुनी से अधिक वृद्धि हुई है। एक अनुमान के अनुसार शहर में करीब 710 आटो रिक्शा हैं। इनको व्यवस्थित रखने के लिए संसाधन सीमित हैं, अब बढ़ी संख्या के अनुसार व्यवस्था करनी है। ट्रैफिक को व्यवस्थित करने के लिए सबकी अपनी जिम्मेदारी है. पुलिस, प्रशासन और आटो चालकों के भी अपने कर्तव्य हैं। आटो चालकों को भी उनकी जिम्मेदारी निभाने की जरूरत है। नपा ने अपनी भूमिका के अंतर्गत व्यवस्था करना शुरु कर दिया है. पार्किंग तय करके लाइनिंग शुुरु हो गई है। अभी करीब 85 आटोरिक्शा के लिए व्यवस्था कर दी है. आटो पाइंट तय किए जा रहे हैं, उनसे बाहर नहीं जाएं। एसडीओपी अनिल शर्मा ने कहा कि जैसे घर का नियम होता है और सारे लोग उसका पालन करते हैं तो घर व्यवस्थित रहता है, वैसे ही देश के भी नियम हैं। हर देश के नागरिक का कर्तव्य है कि वह कानून का पालन करे। आदतों में सुधार करने पर कुछ परेशानी आएंगी लेकिन फिर सब ठीक हो जाएगा। आपको ट्रैफिक के नियमों का पालन करना ही होगा। जीआरपी थाना प्रभारी बीएस चौहान ने कहा कि आटो व्यवस्थित खड़े किए जाएंगे तो लोगों को परेशानी नहीं होगी। आपसी प्रतिद्वंद्विता होगी तो सवारी भी आपके पास आने से कतराएगी। स्वयं अनुशासित रहेंगे तो आपके पास सवारी चलकर आएगी। बीच रोड पर यहां-वहां चलकर ट्रैफिक प्रभावित न करें।
मर्यादित व्यवहार रखने दी हिदायत
आटोरिक्शा चालकों की सबसे अधिक शिकायतें उनके अमर्यादित व्यवहार की आती हैं। बैठक में अधिकारियों ने हिदायत दी है कि आटो चालक अपना व्यवहार सुधारें। व्यवहार ठीक रखेंगे तो छवि भी ठीक रहेगी क्योंकि आटो चालकों की छवि शहर में काफी खराब है। संयम रखे और नियमों का पालन करें. महिलाओं से गलत अंदाज में बात करने की शिकायतें अक्सर सुनने को मिलती हैं, भद्दे कमेंट्स भी किए जाते हैं। इन हालातों में आटो चालन नहीं करने दिया जाएगा।
नपा में भी होगा पंजीयन
नगर पालिका में भी आटो चालकों का पंजीयन होगा। आटो नंबर, चालक का नाम, मालिक का नाम, मोबाइल नंबर, पता और अन्य आर्थिक हालात भी नपा को बताने होंगे ताकि यदि कोई आटो चालक शासकीय मदद के दायरे में आता है तो उसे शासकीय योजनाओं के अंतर्गत सहायता दिलायी जा सके। उनके बच्चों की शिक्षा और अन्य मदद की जा सके। नपा में लायसेंस सहित अन्य कागजात की फोटोकापी आटो चालकों को जमा करानी पड़ेगी, तभी पंजीयन किया जाएगा।
किराया तय किया जाएगा
शहर के विभिन्न क्षेत्रों का दूरी के मान से किराया तय किया जाएगा। आरटीओ को पुलिस और नगर पालिका द्वारा पत्राचार किया जाएगा। स्टेशन से विभिन्न स्थानों की दूरी निर्धारित करके किराए का निर्धारण किया जाएगा ताकि कोई भी अधिक किराया नहीं ले। यदि किसी आटो चालक द्वारा सवारी से अधिक पैसे वसूल करने की शिकायत मिली तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। किराया सूची रेलवे स्टेशन और बस स्टैंड के अलावा आटो स्टैंड पर भी चस्पा की जाएगी।
ये समस्याएं आयी सामने
आटो चालकों ने आरपीएफ द्वारा अनावश्यक परेशान करने की समस्या बैठक में रखी। कुछ ने कहा कि दसवी तक पढ़े नहीं होने से हमारे लायसेंस नहीं बन रहे। उन्हें आठवी तक शिक्षा की अनिवार्यता की जानकारी दी। कुछ ने नयायार्ड रोड पर चलने वाले आटो चालकों की अड़ीबाजी करने की समस्या बतायी जिस पर पुलिस ने कहा कि तत्काल 100 डायल को बताएं, सबको ठीक कर देंगे।

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