इटारसी। ग्राम पंचायत रानीपुर में विशेष ग्रामसभा नहीं होने से गांव के सैंकड़ों लोग दोपहर पंचायत भवन के चक्कर लगाकर परेशान हो गए। यहां ग्रामसभा हुई है या नहीं किसी को जानकारी नहीं है, जबकि पंचायत सचिव बिना कोई सूचना के मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में शामिल होने होशंगाबाद चले गए। इस तरह से पंचायत सचिव सुमेर सिंह कासदे की कथित लापरवाही से आज पंचायत अंतर्गत तवानगर के सैंकड़ों नागरिक, पंच और अन्य जन प्रतिनिधि परेशान हो गए। आज गांधी जयंती पर विशेष ग्रामसभा का आयोजन होना था,
सचिव ने सभा होने या नहीं होने की कोई सूचना नहीं दी, जब लोग पंचायत भवन पहुंचे तो उन्हें ग्राम सभा नहीं होने की जानकारी मिली। होशंगाबाद में प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान जिले को ओडीएफ घोषित करने आए थे, यहां अनेक ब्लाक प्रमुखों, सहयोगियों, प्रेरकों को प्रमाण पत्र वितरित हुए। इस कार्यक्रम में सभी नगरीय एवं ग्राम निकाय के जनप्रतिनिधियों, सचिवों, सीएमओ और अन्य अधिकारियों को पहुंचना था। पंचायत सचिव भी पहुंचे। ज्यादातर सचिवों ने अपने यहां सूचना दी, लेकिन ग्राम पंचायत रानीपुर के सचिव ने सूचना देना भी मुनासिब नहीं समझा। जब उनसे इस बाबत चर्चा करने के लिए फोन लगाया तो लगातार दर्जनों बार फोन लगाने के बाद उन्होंने फोन रिसीव नहीं किया।
ग्राम पंचायत रानीपुर के पंच भूपेश साहू का कहना है कि गांधी जयंती पर होने वाली विशेष ग्राम सभा हुई है या नहीं, यह भी स्पष्ट नहीं हो पा रहा है। जनपद सदस्य मनोज गुलबाके ने जब सचिव से बात की तो उन्होंने कहा कि दो दिन बाद करेंगे, जबकि रोजगार सहायक ने उनको कहा कि हमने सुबह 8 बजे ही ग्रामसभा कर ली। सवाल यह है कि यदि सुबह ग्रामसभा हो गई तो बिना पंचों और ग्रामीणों के ग्रामसभा कैसे हो गई? बिना पचों को और गांव के लोगों को सूचना दिए सुबह 8 बजे ग्रामसभा कर होशंगाबाद में मुख्यमंत्री के कार्यकम में शामिल होने चले गए।
पेयजल विषय पर होना थी महत्वपूर्ण चर्चा
दरअसल, इस विशेष ग्रामसभा में तवानगर के पेयजल संकट पर महत्वपूर्ण चर्चा होकर निर्णय लिए जाने थे। पिछले एक सप्ताह पूर्व बिजली विभाग ने गांव के पंप हाउस का कनेक्शन काट दिया था तो सबसे अधिक परेशान महिलाओं को ही होना पड़ा था। आज महिलाएं इस समस्या के समाधान की उम्मीद से बड़ी संख्या में पहुंची थीं। जब उनको ग्रामसभा की जानकारी नहीं मिली तो उनमें काफी रोष देखा गया। फिलहाल कुछ दिन के लिए बिजली विभाग ने पंप हाउस का कनेक्शन तो जोड़ दिया है, लेकिन इसी शर्त पर जोड़ा कि जल्द से जल्द ग्राम पंचायत इस विषय में कोई निर्णय पर पहुंच जाए।
इनका कहना है…!
हम सीएम साहब के कार्यक्रम में व्यस्थ थे, ग्राम सभाएं तो होनी थीं, लेकिर कार्यक्रम के कारण कुछ बदलाव किए हैं। यदि सचिव ने जानकारी नहीं दी है तो यह गंभीर मामला है, हम पता करके दोषियों पर कार्रवाई करेंगे।
एसएस पठारिया, सीईओ केसला जनपद
हमेशा ग्रामसभा होने या निरस्त होने की सूचना गांव के मंदिर में लगे लाउट स्पीकर से मुनादी कराके दी जाती है। इस बार ऐसा कुछ नहीं किया गया है। मुझे सचिव ने कहा है कि एक या दो दिन बाद विशेष ग्रामसभा करेंगे।
मनोज गुलबाके, जनपद सदस्य








