इटारसी। कार्पोरेशन बैंक का लोन नहीं चुकाने पर बैंक अधिकारियों ने तहसीलदार के साथ जाकर छठवीं लाइन स्थित रीतेश अग्रवाल और इंद्रकुमार अग्रवाल की फर्म बाबा रामदेव साल्वेट प्राइवेट लिमिटेड के भवन और जमीन पर कब्जा लिया है। कंपनी अनाज की ग्रेडिंग करती थी। कंपनी के संचालकों ने कार्पोरेशन बैंक से लोन लिया था जो अदा नहीं किया।
कार्पोरेशन बैंक के अधिकारियों के अनुसार कंपनी संचालकों ने वर्ष 2013 में 2 करोड़ 56 लाख रुपए का लोन लिया था। फर्म संचालकों ने लोन अदा नहीं किया है। लोन की मूल रकम और उस पर लगे ब्याज की वसूली के लिए बैंक ने कलेक्टर के समक्ष प्रकरण भेजा था। कलेक्टर ने इस मामले में फर्म के भवन और जमीन को कुर्क करने के आदेश दिए थे। सोमवार को तहसीलदार रितु भार्गव ने बैंक अधिकारियों के साथ जाकर फर्म के भवन और जमीन पर कब्जा लिया है।
बैंक में किया था सुसाइड का प्रयास
फर्म संचालक रीतेश अग्रवाल ने करीब डेढ़ साल पहले बैंक की इटारसी शाखा के अंदर केरोसीन शरीर पर उड़ेलकर सुसाइड करने का प्रयास किया था। रीतेश ने उस समय बताया था कि बैंक द्वारा उन लगातार दबाव बनाया जा रहा है। मामले में बैंक प्रबंधक गोविन्द डेहरिया ने बताया कि फर्म संचालकों ने लोन की रकम अदा नहीं की है। कलेक्टर के आदेश पर फर्म का भवन और जमीन कुर्क किया गया है।








