- श्रीराम जन्म महोत्सव अंतर्गत श्रीराम कथा का द्वितीय दिवस
इटारसी। श्री रामजन्म महोत्सव नर्मदा अंचल का महत्वपूर्ण आयोजन 62वें वर्ष में श्री द्वारिकाधीश बड़ा मंदिर तुलसी चौक में आयोजित किया जा रहा है। प्रतिदिन धार्मिक आयोजन हो रहे हैं। इस वर्ष देश के कथाव्यस चित्रकूट धाम के आचार्य महेंद्र मिश्र मानस मणि बाल्मीकि एवं तुलसीदासकृत रामायण पर प्रवचन दे रहे हैं।
द्वारकाधीश मंदिर परिसर में सोमवार को व्यासपीठ पर आचार्य श्री का पूजन एवं स्वागत आयोजन समिति अध्यक्ष डॉ नीरज जैन, कार्यकारी अध्यक्ष विपिन चांडक, सचिव अभिषेक तिवारी, उपाध्यक्ष विष्णु शंकर पांडे, कोषाध्यक्ष प्रकाश मिश्रा, सहकोषाध्यक्ष अमित सेठ, प्रवक्ता भूपेंद्र विश्वकर्मा, मंदिर समिति के प्रबंधक दिनेश सैनी, समिति के ही देवेंद्र पटेल, दीपक उज्जैनिया, कैलाश रैकवार, मनोज अग्रवाल, अजय पटेल, मुकेश मैना, पार्षद राहुल प्रधान, संजय युवने, रजत मर्सकोले, ताराचंद राठौर, राजू बकोरिया, विनोद लोंगरे, अनिल बस्तबार, केके विशेपिया, सज्जन लोहिया, दीपक कदम, राकेश पांडे, चंद्रेश कुरापा, संदीप सोनकर, राजेश अठवाल एवं समिति के अन्य सदस्यों ने किया।
राम दूध हैं और माता जानकी चीनी
सोमवार को कथा को विस्तार देते हुए कथा व्यास मानस मणि ने कहा कि राम कथा कामधेनु गाय है। और भगवान श्री राम उस गाय का दूध है। जिस तरह दूध पौष्टिक होता है लेकिन इस दूध में अगर चीनी मिल जाए तो इस दूध की कीमत और ज्यादा हो जाती है। इसलिए भगवान राम दूध है और माता जानकी चीनी है और इस राम कथा रूपी दूध को पीने वाले व्यक्ति का जीवन पौष्टिक एवं धार्मिक बन जाता है। इसी के साथ महाराज श्री ने शिव विवाह के चरित्र का सुंदर गायन किया।
रामराज आना भी चाहिए
महाराज श्री ने कहा कि अयोध्या में भगवान श्रीराम का भव्य और ऐतिहासिक मंदिर बन गया है और काम जारी है। रामराज्य की कल्पना सभी को है रामराज आना भी चाहिए पर अकेले सरकारों के भरोसे रामराज नहीं आएगा इस कार्य हेतु हमारा भी सहयोग जरूरी है और हमें करना चाहिए। आचार्य श्री ने कहा कि प्रभु श्री राम का जन्म राक्षसी प्रवृत्तियों और रावण के कुल के वध के लिए ही हुआ था। प्रवचन में हारमोनियम एवं गायन पर कमलेश द्विवेदी, तबले पर विपिन त्रिवेदी, ऑक्टोपैड पर प्रकाश, मंदारि पर रज्जन एवं आशीष ने सहयोगी के रूप में भजनों की आकर्षक प्रस्तुतियां दी।
आकर्षक सजाया मंदिर प्रांगण
श्री रामजन्म महोत्सव समिति के अध्यक्ष नीरज जैन ने बताया कि चैत्र नवरात्रि एवं श्री रामजन्म महोत्सव कार्यक्रम के चलते संपूर्ण मंदिर परिसर में आकर्षक साज सज्जा एवं विद्युत व्यवस्था की गयी है। मंदिर परिसर के आसपास के सभी मार्गों पर भी सनातनी ध्वज, भगवा झंडियो और सीरीज लाइट से सजावट की गयी है। प्रतिदिन सायंकाल 7 बजे से 9.50 बजे तक श्री रामकथा होगी, जिसमें समिति ने अधिक से अधिक धर्मप्रेमी जनता से शामिल होने का आग्रह किया है।