इटारसी। सड़क हादसों को कम करने और लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करने के लिए मध्य प्रदेश पुलिस मुख्यालय के निर्देश पर 8 सितंबर से 22 सितंबर तक चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत, आज दूसरे दिन भी सख्त कार्रवाई जारी रही। पुलिस ने जिले भर में विशेष चेकिंग अभियान चलाया, जिसमें यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले 236 वाहन चालकों पर चालान की कार्रवाई की गई।
पुलिस अधीक्षक श्री साईंकृष्णा एस. थोटा के निर्देश और डीएसपी यातायात व सभी अनुविभाग के एसडीओपी के नेतृत्व में जिले भर में लगातार चेकिंग की जा रही है। इस 15 दिवसीय अभियान में तेज गति से वाहन चलाना, बिना हेलमेट या सीटबेल्ट वाहन चलाना, नाबालिगों द्वारा वाहन चलाना, मोबाइल का उपयोग, शराब पीकर वाहन चलाना, ओवरलोडिंग, और बिना कागजात (लाइसेंस, फिटनेस, परमिट) के वाहन चलाने जैसी अनियमितताओं पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
आज की कार्रवाई का विवरण
- थाना कोतवाली: 10 चालान
- थाना देहात: 03 चालान
- थाना माखन नगर: 12 चालान
- थाना सोहागपुर: 13 चालान
- थाना पिपरिया: 07 चालान
- थाना स्टेशन रोड: 16 चालान
- थाना बनखेड़ी: 07 चालान
- थाना पचमढ़ी: 06 चालान
- थाना इटारसी: 18 चालान
- थाना पथरौटा: 18 चालान
- थाना केसला: 10 चालान
- थाना तवानगर: 02 चालान
- थाना रामपुर: 10 चालान
- थाना डोलरिया: 05 चालान
- थाना सिवनी मालवा: 00 चालान
- थाना शिवपुर: 14 चालान
- यातायात नर्मदापुरम: 35 चालान
- यातायात इटारसी: 00 चालान
- यातायात पिपरिया: 08 चालान
- यातायात सिवनी मालवा: 42 चालान
नियम उल्लंघन पर की गई कार्यवाही
उल्लंघन के अनुसार, पुलिस ने तेज गति से वाहन चलाने पर 01, रॉन्ग साइड में वाहन चलाने पर 03, नाबालिग द्वारा वाहन चलाने पर 01, बिना हेलमेट के 177, बिना सीट बेल्ट के 27, बिना लाइसेंस के 01 और अन्य धाराओं में 26 मामलों में कार्रवाई की गई।
नाबालिगों पर सख्त कार्रवाई
इस अभियान के तहत पुलिस स्कूल और कॉलेजों पर भी कार्रवाई करेगी। नाबालिगों द्वारा वाहन चलाने पर चालानी कार्यवाही के साथ ही वाहन मालिक पर भी कार्रवाई की जाएगी। ऐसे वाहनों का रजिस्ट्रेशन निरस्त करने की कार्यवाही भी की जाएगी। मोटर व्हीकल एक्ट संशोधन नियम 2019 के नियम 199 के तहत, बिना लाइसेंस के नाबालिग के वाहन चलाने पर वाहन मालिक को तीन साल तक की सजा और 25,000 रुपए तक का जुर्माना हो सकता है। साथ ही, एक साल तक वाहन का रजिस्ट्रेशन भी निरस्त हो सकता है। यदि नाबालिग वाहन चलाते हुए पाया जाता है, तो बाल संरक्षण न्यायालय द्वारा 25 वर्ष की उम्र तक उसका लाइसेंस बनने से रोका जा सकेगा।
यातायात पुलिस की अपील
यातायात पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि वे असुविधा से बचने के लिए अपने वाहनों के सभी कागजात पूर्ण रखें। साथ ही, जीवन की सुरक्षा के लिए हेलमेट या सीट बेल्ट का उपयोग अवश्य करें और नाबालिगों को वाहन चलाने से रोकें।









