इटारसी। इटारसी में वन माफियाओं के बढ़ते हौसले और वन विभाग की कथित उदासीनता का खामियाजा अब विभाग के छोटे कर्मचारियों को भुगतना पड़ रहा है। ताजा घटना में, छिपीखापा वन परिक्षेत्र में ड्यूटी पर तैनात एक वनकर्मी पर अज्ञात बदमाशों ने हमला कर दिया, जिससे वनकर्मियों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। इस घटना ने एक बार फिर वन क्षेत्र में अवैध कटाई और वन माफियाओं की बेखौफ गतिविधियों को उजागर किया है।
नवागत रेंजर की कार्यप्रणाली पर सवाल
नवागत रेंजर जंगल से लकड़ी चोरी की घटनाओं को रोक पाने में विफल साबित हो रहे हैं। उनकी रेंज के छीपीखापा क्षेत्र में सागौन की अवैध कटाई जोरों पर है, लेकिन नए रेंजर इस ओर से पूरी तरह से उदासीन दिखते हैं। मीडिया कर्मियों से दूरी बनाने के उनके प्रयास भी उनकी कार्यप्रणाली पर संदेह पैदा करते हैं, जिससे मिलीभगत का भी अंदेशा जन्म लेता है।
कर्तव्य निभाते वनकर्मी पर हमला
हाल ही में इटारसी के छिपी खापा वन परिक्षेत्र में ड्यूटी पर तैनात वनकर्मी सुजीत बांकर को सागौन के पेड़ काटते हुए बदमाशों के बारे में सूचना मिली थी। जब सुजीत ने मौके पर पहुंचकर उन्हें रोकने की कोशिश की, तो उन पर अज्ञात बदमाशों ने बेरहमी से हमला कर दिया। हमलावरों ने न केवल उनकी वर्दी फाड़ दी, बल्कि कुल्हाड़ी से भी हमला करने का प्रयास किया। सुजीत ने किसी तरह अपनी जान बचाई और तुरंत पुलिस को सूचना दी।
पुलिस जांच शुरू, वन विभाग पर सवाल
पुलिस ने सुजीत बांकर की शिकायत पर अज्ञात हमलावरों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। हालांकि, यह घटना वन विभाग के स्थानीय अधिकारियों की लापरवाही को स्पष्ट रूप से दर्शाती है, जिसके कारण वन माफियाओं के हौसले इतने बढ़ गए हैं। छिपी खापा सर्किल में हजारों की संख्या में सागौन के पेड़ काटे जा चुके हैं, लेकिन अधिकारियों ने इस गंभीर मुद्दे पर कोई ध्यान नहीं दिया है। सुजीत पर हमले की यह घटना बताती है कि वन माफिया किस कदर निडर हो चुके हैं और वनकर्मियों के लिए अपने कर्तव्यों का पालन करना कितना जोखिम भरा हो गया है।
वन विभाग के एसडीओ का बयान
इस घटना पर एसडीओ वन, मानसिंह मरावी ने कहा, ‘इस घटना की पुलिस में शिकायत दर्ज कराकर हमलावरों पर कार्रवाई कराई जाएगी। यदि नाकेदार लकड़ी काटने वालों को पहचानता है तो उनको गिरफ्तार कराकर जेल भेजा जाएगा। गश्ती बढ़ाने के निर्देश भी दिए जाएंगे।’ इस घटना ने वन विभाग और प्रशासन के लिए एक बड़ी चुनौती खड़ी कर दी है कि वे कैसे वनकर्मियों की सुरक्षा सुनिश्चित करें और वन माफियाओं पर लगाम कसें।
नये कर्मचारी हैं सुजीत
सुजीत बांकर इस रेंज में नये कर्मचारी हैं। वे पिपरिया से स्थानांतरित होकर आए हैं। उन पर बाइक सवार दो लकड़ी चोरों ने उस वक्त हमला किया जब वे गश्ती पर थे। सुजीत के अनुसार चूंकि वे नये हैं, और रात 8 बजे की घटना है जब जंगल में अंधेरा भी था, इसलिए वे उनको पहचान नहीं सके। तवानगर पुलिस में शिकायत कर दी है।









