इटारसी। मानवता और सेवा की एक अनूठी मिसाल पेश करते हुए आदिवासी सेवा समिति तिलक सिंदूर के कार्यकर्ताओं ने समाज सेवा का अनुपम उदाहरण प्रस्तुत किया है। समिति ने न केवल प्रसिद्ध तिलक सिंदूर मेले में पार्किंग व्यवस्था को सुचारू रूप से संभाला, बल्कि उससे प्राप्त आय का एक हिस्सा बेघर हुए गरीब परिवारों की सहायता के लिए दान कर दिया।
8 वर्षों से निरंतर सेवा का संकल्प
समिति के 150 सदस्यों की टीम पिछले 8 वर्षों से तिलक सिंदूर मेले में अपनी सेवाएं दे रही है। इस वर्ष भी लाखों श्रद्धालुओं के वाहनों की पार्किंग व्यवस्था में समिति ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। पार्किंग स्टैंड का ठेका लेने के बाद, समिति ने निर्णय लिया कि इस कार्य से प्राप्त राशि का उपयोग पीडि़त मानवता की सेवा में किया जाएगा।
पीडि़त परिवारों को मिला सहारा
विदित हो कि कुछ समय पूर्व ग्राम टांगना में न्यायालय के आदेश पर कुछ गरीब आदिवासी परिवारों के मकान तोड़े गए थे। ये परिवार आज भी खुली छत के नीचे रहने को मजबूर हैं। इन परिवारों की मदद के लिए आदिवासी सेवा समिति के वरिष्ठ पदाधिकारियों ने आगे आकर आटा, चावल, तेल और किराना सामग्री भेंट की।
समिति के प्रमुख सहयोगियों की उपस्थिति
सामग्री वितरण के इस पुनीत कार्य में समिति के वरिष्ठ सलाहकार जगदीश प्रसाद ककोडिय़ा, उपाध्यक्ष मन्ना दादा, रामदयाल नागले, भूमका दादा, विजय सल्लाम, बद्री प्रसाद धुर्वे, सेक्टर अध्यक्ष हरिओम उइके और राजकुमार उइके सक्रिय रूप से सम्मिलित रहे। क्षेत्र के समाजसेवियों और स्थानीय नागरिकों ने समिति की इस अनूठी पहल की सराहना करते हुए सभी कार्यकर्ताओं का आभार व्यक्त किया है।










