- शासन के निर्देशानुसार प्रचार-प्रसार पर जोर, जनपद पंचायत में दिया प्रशिक्षण
इटारसी। ग्रामीण क्षेत्रों में आजीविका और रोजगार की गारंटी को और मजबूत करने के लिए शासन द्वारा नई पहल शुरू की गई है। सोमवार को जनपद पंचायत केसला के सभागार में विकसित भारत – रोजगार एवं आजीविका की गारंटी मिशन – ग्रामीण अधिनियम 2025 के प्रावधानों को लेकर एक दिवसीय महत्वपूर्ण कार्यशाला का आयोजन किया। इस कार्यशाला में योजना के प्रभावी क्रियान्वयन और इसके व्यापक प्रचार-प्रसार हेतु विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए गए।
125 दिन के रोजगार की नई सौगात
कार्यशाला के दौरान जानकारी दी गई कि इस नई योजना के तहत अब प्रत्येक जॉब कार्ड धारी परिवार को एक वित्तीय वर्ष में 125 दिन का गारंटीकृत रोजगार उपलब्ध कराया जाएगा। इसका मुख्य उद्देश्य ग्रामीण परिवारों की आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ करना और उन्हें स्थानीय स्तर पर ही आजीविका के बेहतर अवसर प्रदान करना है।
तकनीकी और प्रशासनिक जानकारी
जनपद पंचायत केसला की मुख्य कार्यपालन अधिकारी सुमन खातरकर के नेतृत्व में आयोजित इस बैठक में योजना के विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की गई।
- प्रशिक्षण एवं मार्गदर्शन : अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी ज्योति अखेपुरिया ने योजना के वैधानिक प्रावधानों और आजीविका मिशन के लक्ष्यों के बारे में विस्तार से बताया।
- तकनीकी एवं वित्तीय पक्ष : सहायक यंत्री रोहित यादव और सहायक लेखा अधिकारी संतोष कुमार गुजेले ने कार्यशाला में उपस्थित सचिवों और रोजगार सहायकों को मस्टर रोल प्रबंधन और भुगतान प्रक्रिया की बारीकियों से अवगत कराया।
जन-संवाद आधारित प्रचार-प्रसार पर जोर
शासन द्वारा जारी पत्र के अनुसार, इस योजना के लाभों को जन-जन तक पहुंचाने के लिए जन-संवाद आधारित आईईसी गतिविधियों का संचालन किया जाएगा। सभी पंचायतों में जन-संवाद कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिसकी साप्ताहिक रिपोर्ट उच्च गुणवत्तापूर्ण फोटो और वीडियो के साथ निर्धारित प्रारूप में प्रस्तुत करना अनिवार्य होगा। जिला पंचायत नर्मदापुरम के मुख्य कार्यपालन अधिकारी हिमांशु जैन ने इस संबंध में समय-सारणी पहले ही जारी की है।
कार्यशाला के अंत में समस्त सरपंचों, सचिवों और रोजगार सहायकों को निर्देशित किया गया कि वे शासन द्वारा दिए गए निर्देशों का बिंदुवार पालन सुनिश्चित करें। साथ ही, ग्रामीणों को जागरूक करने के लिए व्यापक स्तर पर दीवार लेखन और ग्राम सभाओं के माध्यम से प्रचार करने को कहा गया है ताकि कोई भी पात्र परिवार इस योजना से वंचित न रहे।









