इटारसी। मानसून के दौरान धार्मिक यात्राओं के लिए प्रसिद्ध इटारसी नगर से इस वर्ष भी सैंकड़ों भक्त बाबा बर्फानी के दर्शन करने अमरनाथ यात्रा पर जाएंगे। वे 7 जुलाई को सुबह झेलम एक्सप्रेस और अंडमान एक्सप्रेस से इटारसी से रवाना होंगे। पहलगाम हमले का इस धार्मिक यात्रा पर कोई असर नहीं हुआ है, बल्कि पिछले वर्षों की अपेक्षा इस वर्ष और अधिक उत्साह भक्तों में देखा जा रहा है।
शिवशक्ति सेवा मंडल के भारतभूषण गांधी ने बताया कि जत्थे में संपूर्ण नर्मदांचल के श्रद्धालु भी प्रतिवर्ष इटारसी से अमरनाथ यात्रा जाते हैं। जत्था ले जाने का शुभारंभ सन् 1999 में शुरू हुआ। पहले साल इटारसी से यात्रा में 32 श्रद्धालुओं ने यात्रा की थी। बाद में हर साल संख्या बढ़ते चली गई। इस वर्ष भी करीब दो यात्री शिवशक्ति सेवा मंडल के साथ जाएंगे।
ऐसे होती है यात्रा
यहां से जम्मूतवी तक ट्रेन से जाने के बाद बस द्वारा सभी श्रद्धालु पहलगाम पहुंचते हैं। इसके बाद यहां से कुछ पैदल गुफा तक जाते हैं, कुछ श्रद्धालु घोड़े से गुफा तक पहुंचते हैं। इसके बाद बालटाल में सभी यात्री मिलते हैं। इसके बाद यहां वापस जम्मूतवी आते हैं। यहां मां वैष्णोदेवी के दर्शनों के बाद श्रद्धालु वापस लौटते हैं।
शिवशक्ति मंडल का 26 वॉ वर्ष
शिवशक्ति सेवा मंडल के बैनर पर बाबा अमरनाथ की यात्रा का यह 26 वॉ वर्ष है। इनके साथ करीब दो सैंकड़ा यात्री इटारसी से रवाना होंगे। कुछ यात्री 3 जुलाई को वैष्णोदेवी यात्रा समिति के साथ रवाना होंगे और वहां दर्शन के बाद शिवशक्ति सेवा मंडल के भक्तों के साथ जम्मू से अमरनाथ यात्रा के लिए शामिल हो जाएंगे। इस वर्ष इटारसी क्षेत्र से करीब चार हजार भक्तों ने अमरनाथ यात्रा के लिए रजिस्ट्रेशन कराया है।








