इटारसी। संस्कार, सेवा और बेटियों के संरक्षण की मिसाल मुस्कान संस्था की बेटी शिवानी का विवाह बुधवार को पूरे वैदिक विधि-विधान और हर्षोल्लास हुआ। इस शुभ अवसर पर शहर के जनप्रतिनिधियों और समाजसेवियों की बड़ी उपस्थिति रही, जिसने समारोह को सामाजिक एकता का अनूठा रूप दे दिया।
वर-वधू को मिला विशिष्ट आशीर्वाद
शिवानी का विवाह भाजपा जिला महामंत्री ज्योति चौरे के पुत्र के साथ हुआ। बारात का नगर में जगह-जगह जोरदार स्वागत किया और पुष्पवर्षा की गई। स्वागत करने वालों में नगर पालिका अध्यक्ष पंकज चौरे, भगवान सिंह ठाकुर, कृष्ण अग्रवाल और जसबीर सिंघ छाबड़ा प्रमुख रूप से शामिल रहे।
विवाह के संपूर्ण वैदिक संस्कार
गायत्री परिवार के आचार्यों द्वारा पूर्ण हिंदू परंपरा में कराए, जिससे पूरा वातावरण धार्मिक और आध्यात्मिक ऊर्जा से भर गया। सेवा और संस्कार की मिसाल मुस्कान संस्था असहाय और वंचित बालिकाओं के संरक्षण, शिक्षा, स्वास्थ्य, कौशल विकास और संस्कारमय पालन का वर्षों से बड़ा दायित्व निभा रही है। संस्था की एक प्रमुख विशेषता यह है कि विवाह योग्य आयु होने पर वह अपनी बेटियों का विवाह वर-वधू की आपसी सहमति, पारिवारिक गरिमा और पूरे सामाजिक सम्मान के साथ कराती है। संस्था पिछले वर्षों में कई बेटियों के विवाह इसी तरह धूमधाम और वैदिक संस्कारों से संपन्न करा चुकी है।
संस्था संचालक मनीष ठाकुर ने इस अवसर पर कहा, ये हमारी संस्था की बेटियां नहीं, बल्कि हमारी अपनी बेटियां हैं। हम वर-वधू की पसंद को सर्वोपरि रखते हैं, ठीक एक पिता की तरह। जनप्रतिनिधियों ने सराही पहल विवाह समारोह में उपस्थित जनप्रतिनिधियों ने संस्था की इस पहल को समाज के लिए प्रेरणादायक बताया। विधायक डॉ. सीतासरन शर्मा ने वर-वधू को आशीर्वाद देते हुए कहा कि मुस्कान संस्था समाज में सेवा और संस्कार की अनूठी परंपरा स्थापित कर रही है।
विधायक विजयपाल सिंह ने भी इस विवाह संस्कार को प्रेरणादायक करार दिया। पीयूष शर्मा ने भी नवदंपति को आशीर्वाद दिया और संस्था के कार्यों की प्रशंसा की। समारोह में अतिथियों की प्रभावशाली मौजूदगी रही, जिनमें प्रीति शुक्ला, राहुल सिंह सोलंकी, भूपेंद्र चौकसे, गोकुल पटेल, राहुल चोरे, गौरव सिंह बुंदेला, सतीश सांवरिया सहित शहर के अनेक गणमान्य और सम्मानित नागरिकों ने वर-वधू को आशीर्वाद दिया।
शहनाइयों की मधुर धुन, वैदिक मंत्रोच्चार और समाज की सहभागिता ने पूरे समारोह को खुशियों, संस्कार और सामाजिक एकता से भर दिया। मुस्कान संस्था ने पुन: यह संदेश दिया कि जहां सेवा और संस्कार मिलते हैं, वहीं से समाज को सबसे सुंदर प्रेरणा मिलती है।









