इटारसी। जिला शिवपुरी के करैरा में वरिष्ठ अधिवक्ता संजय कुमार सक्सेना की दिनदहाड़े गोली मारकर की गई हत्या के विरोध में आज समूचे मध्य प्रदेश का विधि जगत आंदोलित है। मध्य प्रदेश राज्य अधिवक्ता परिषद, जबलपुर के आह्वान पर सोमवार, 16 फरवरी को प्रदेश के सभी अधिवक्ता न्यायालयीन कार्य से विरत रहकर अपना विरोध दर्ज करा रहे हैं। इसी कड़ी में अधिवक्ता संघ इटारसी ने भी कार्य का पूर्ण बहिष्कार कर सड़कों पर उतरने का निर्णय लिया है।
वाहन रैली और ज्ञापन, मुख्यमंत्री आवास के घेराव की चेतावनी
इटारसी अधिवक्ता संघ के प्रवक्ता विनोद भावसार ने बताया कि संघ के अध्यक्ष रमेश राजपूत एवं सचिव पारस जैन के नेतृत्व में सभी अधिवक्ता सोमवार को सुबह 11 बजे यूनिफॉर्म में न्यायालय परिसर में एकत्र होंगे। यहां से एक वाहन रैली निकाली जाएगी, जो जय स्तंभ चौक पहुंचकर विरोध प्रदर्शन करेगी। इसके पश्चात एसडीएम इटारसी को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा जाएगा।
प्रमुख मांगें और अल्टीमेटम
अधिवक्ता संघ ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि शासन स्तर पर ठोस कदम नहीं उठाए गए तो आंदोलन उग्र होगा।
- सुरक्षा कानून : मध्य प्रदेश में तत्काल एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्ट (अधिवक्ता सुरक्षा कानून) लागू किया जाए।
- सात दिन का समय : 7 दिनों के भीतर कानून लागू नहीं होता है, तो प्रदेश के अधिवक्ता भोपाल में मुख्यमंत्री निवास का घेराव करेंगे।
- न्याय की मांग : संजय सक्सेना के हत्यारों को त्वरित सजा और पीडि़त परिवार को सुरक्षा प्रदान की जाए।
क्या है पूरा मामला?
14 फरवरी 2026 शनिवार को करैरा, शिवपुरी में अधिवक्ता संजय कुमार सक्सेना जब अपने घर से न्यायालय जा रहे थे, तभी अज्ञात हमलावरों ने घात लगाकर उनकी गोली मारकर हत्या कर दी। प्रारंभिक तौर पर इसे पेशेवर रंजिश और भूमि विवाद से जोड़कर देखा जा रहा है। इस घटना ने वकीलों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
अधिवक्ता संघ की अपील
संघ के पदाधिकारियों ने इटारसी के सभी अधिवक्ता साथियों से एकजुट होने की अपील की है। सचिव पारस जैन ने कहा, जब तक हमारे साथियों की सुरक्षा के लिए मजबूत कानून नहीं बनेगा, हमारी लड़ाई जारी रहेगी। आज का कार्य बहिष्कार केवल एक सांकेतिक विरोध नहीं, बल्कि हमारे सम्मान और जीवन की रक्षा का आह्वान है।









