इटारसी। नर्मदापुरम संभाग कमिश्नर कृष्ण गोपाल तिवारी ने शासकीय आयुर्वेदिक औषधालय केसला का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने सार्थक एप पर चिकित्सक एवं कर्मचारियों द्वारा उपस्थित दर्ज न करने पर नाराजी व्यक्त की और निर्देश दिए कि सार्थक ऐप पर केसला औषधालय में पदस्थ चिकित्सक एवं कर्मचारी प्रतिदिन नियमित रूप से अपनी उपस्थित दर्ज कराएं, उपस्थिति पंजी को विश्वसनीय नहीं माना जाएगा।
प्रतिदिन की ओपीडी के निरीक्षण के दौरान पाया कि औषधालय में उपचार कराने वाले मरीजों की संख्या कम है। इस पर सख्त नाराजी जाहिर करते हुए निर्देश दिए कि चिकित्सक एवं स्टाफ संतोषजनक सेवाएं देकर ओपीडी की संख्या बढ़ाए। आसपास के मरीजों को आयुर्वेदिक दवाओं के लाभ बताए जाएं और मरीजों को प्राथमिकता, तत्परता से उत्तम उपचार सुविधा उपलब्ध करायी जाए। संचारी और असंचारी पंजी के अवलोकन में पाया कि अभिलेख तो संधारित है परंतु जिन मरीजों को प्रथम बार जो औषधि दी गई है एवं टेस्ट किए हैं उसका मरीजों पर क्या फायदा हुआ इसका उल्लेख नहीं है। साथ ही शिविरों में भी मरीज को प्रदान की जाने वाली औषधि का मरीज के सेहत पर क्या सुधार हुआ क्या लाभ हुआ उसका उल्लेख नहीं है।
कमिश्नर ने डॉक्टर एवं स्टाफ को सख्त हिदायत दी कि वे दवाओं एवं टेस्ट का मरीज पर पडऩे वाले प्रभाव एवं सुधार का स्पष्ट रूप से उल्लेख करें। निरीक्षण के दौरान पाया कि जांच के परिणाम के आधार पर औषधि प्रदान की जा रही है कि नहीं, इसका भी स्पष्ट उल्लेख नहीं किया है। कमिश्नर ने निर्देश दिए की इन सब का रिकार्ड संधारित किया जाए ताकि मरीज को दी जा रही दवाइयां एवं इलाज का प्रभाव और उपचार का आकलन किया जा सके और उसका डाटा भी एकत्र किया जा सके। आयुर्वेदिक औषधालय में बीपी की मशीन कार्य नहीं कर रही थी, वेट मशीन भी बंद थी, शुगर की जांच की कोई सुविधा नहीं है। इस पर कमिश्नर ने चिकित्सक को निर्देशित किया कि वे छोटी-छोटी बेसिक चीजें जो मरीजों के इलाज के लिए प्रभावी हैं, उसको ठीक कराएं।
आयुष औषधालय में बिजली भी चालू नहीं थी, जिस पर कमिश्नर ने सख्त नाराजी व्यक्त की। उपस्थिति का निरीक्षण करते समय पाया की दवा साज संतोष परते प्रात: 9 बजे के स्थान पर 9:45 बजे उपस्थित हुए और वह प्रतिदिन इसी समय उपस्थित रहते हैं। इस पर सख्त नाराजी जाहिर करते हुए कमिश्नर ने उन्हें निर्धारित समय पर उपस्थित होने के निर्देश दिए और चेतावनी दी कि भविष्य में यदि उक्त घटना की पुनरावृत्ति पाई गई तो उनके विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई की जाएगी। निरीक्षण के दौरान डॉ. जयश्री बारस्कर, दवासाज संतोष परते मौके पर उपस्थित थे। निरीक्षण के दौरान उपायुक्त राजस्व गणेश जायसवाल, डॉ. जयश्री बारस्कर एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।








