इटारसी। सिविल अस्पताल में आज शाम उस समय हंगामा मच गया जब मरीज लेकर आए दो युवकों ने डॉक्टरों और स्टाफ के साथ अभद्रता की। युवकों ने न सिर्फ अपने मरीज को पहले देखने की जिद की, बल्कि गुस्से में बीयर की बोतल तोड़कर गुंडागर्दी की और एक डॉक्टर के साथ झूमाझटकी भी की।
क्या है पूरा मामला?
थाना प्रभारी (टीआई) गौरव सिंह बुंदेला से मिली जानकारी के अनुसार, यह घटना आज शाम की है। जमानी रोड आईटीआई के पास रहने वाले दो युवक, छोटू उर्फ कौशिक मेहरा (उम्र 28 वर्ष) और आशु उर्फ बब्बू देव्हारे (उम्र 25 वर्ष), अपने एक मरीज को लेकर सिविल अस्पताल पहुंचे थे। यहां उन्होंने अपने मरीज को अन्य मरीजों से पहले देखने की जिद पर आकर हंगामा शुरू कर दिया। उन्होंने स्टाफ के साथ अभद्रता की और गुस्से में अपनी कार से बीयर की बोतल निकालकर अस्पताल परिसर के अंदर तोड़ दी। इसी दौरान एक डॉक्टर के साथ भी झूमाझटकी की गई।
बोतल तोड़कर भागे, बाद में पकड़े गए
जब अस्पताल का स्टाफ एकजुट होकर युवकों पर हावी होने लगा, तो दोनों आरोपी अपनी कार मौके पर छोड़कर भाग गए। अस्पताल प्रबंधन ने तत्काल इसकी सूचना पुलिस को दी। सूचना मिलते ही पुलिस स्टाफ अस्पताल पहुंचा और भागने वाले दोनों युवकों को पकड़कर वापस लाया गया।
पुलिस ने की शांति भंग की कार्रवाई
हालांकि, डॉक्टर ने पुलिस को लिखित में दिया है कि वे अपनी ओर से कोई कानूनी कार्रवाई नहीं चाहते हैं, लेकिन पुलिस ने अस्पताल जैसे संवेदनशील स्थान पर शांति भंग करने और गुंडागर्दी करने के आरोप में दोनों युवकों के खिलाफ धारा 151 (शांति भंग) के तहत कार्रवाई की है। टीआई गौरव सिंह बुंदेला ने इस घटना पर कड़ा रुख अपनाते हुए कहा, ‘शहर की शांति भंग करने की उद्देश्य से ऐसी गुंडागर्दी करने वालों को बिलकुल नहीं छोड़ा जा सकता है। शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए ऐसे लोगों के खिलाफ कार्रवाई करना जरूरी है। आगे भी कोई ऐसा करेगा तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।’ पुलिस की त्वरित कार्रवाई से अस्पताल स्टाफ और अन्य मरीजों ने राहत की सांस ली है।








