इटारसी। कृषक कल्याण वर्ष 2026 के अंतर्गत विकासखंड केसला की विभिन्न ग्राम पंचायतों में कृषि रथ भ्रमण और किसान संगोष्ठियों का आयोजन किया जा रहा है। इसी कड़ी में 19 जनवरी को ग्राम पंचायत कोहदा, सेमरीखुर्द एवं नयागांव में भव्य संगोष्ठी संपन्न हुई, जिसमें बड़ी संख्या में क्षेत्र के किसानों ने भाग लिया।
आधुनिक खेती और ई-टोकन
संगोष्ठी के दौरान कृषि वैज्ञानिकों और विभागीय अधिकारियों ने किसानों को खेती की नई तकनीकों से अवगत कराया। मुख्य रूप से ई-टोकन व्यवस्था, आधुनिक कृषि यंत्रों का उपयोग, उन्नत बीज, जैविक खेती और रासायनिक उद्यानिकी के संतुलन के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। अधिकारियों ने बताया कि कैसे किसान शासन की योजनाओं का लाभ उठाकर अपनी आय बढ़ा सकते हैं।
खेत में जाना जैविक खेती का अनुभव
कार्यक्रम की एक खास विशेषता ग्राम सेमरीखुर्द के प्रगतिशील किसान मनीष कुमार चौधरी के खेत का भ्रमण रही। मनीष कुमार अपने खेत में जैविक खेती कर रहे हैं। कृषि वैज्ञानिकों और अधिकारियों की टीम ने उनके खेत का मुआयना किया और जैविक खेती को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए आवश्यक तकनीकी सुझाव दिए।
विशेषज्ञों का मिला मार्गदर्शन
संगोष्ठी में कृषि और संबद्ध विभागों के कई वरिष्ठ अधिकारी व विशेषज्ञ मौजूद रहे, जिनमें मुख्य रूप एसएल इवने सहायक संचालक कृषि, नर्मदापुरम, डॉ. विनोद कुमार कृषि वैज्ञानिक, सुनील उइके वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी, कृषि विस्तार अधिकारी युक्ता नागले, गौरी नंदन गुहे, दीपक चौरे, आशीष ठाकुर उद्यानिकी और पशुपालन विभाग से श्री परते शामिल थे।
योजनाओं की ली जानकारी
इस अवसर पर संबंधित ग्राम पंचायतों के सरपंच, सचिव और बड़ी संख्या में ग्रामीण किसान उपस्थित रहे। किसानों ने कृषि वैज्ञानिकों से संवाद कर अपनी समस्याओं का समाधान प्राप्त किया और नेचुरल फार्मिंग व पशुपालन की नई पद्धतियों को समझा। कृषि विभाग केसला द्वारा आयोजित यह कार्यक्रम किसानों के लिए अत्यंत लाभकारी सिद्ध हुआ।








