इटारसी। पुलिस ने तत्परता और सटीक रणनीति का परिचय देते हुए तवानगर थाना क्षेत्र में आतंक मचाने वाले तीन लुटेरों को वारदात के कुछ ही घंटों के भीतर सलाखों के पीछे भेज दिया है। बदमाशों ने महज एक घंटे के अंतराल में एक बुजुर्ग दंपत्ति और एक युवक को अपना निशाना बनाया था। पुलिस अधीक्षक ने इस सफलता पर टीम को 20,000 रुपये के नकद पुरस्कार की घोषणा की गई है।
वारदात : एक घंटे में दो सनसनीखेज लूट
शुक्रवार, 13 मार्च 2026 की शाम तवानगर क्षेत्र में बदमाशों ने बेखौफ होकर दो अलग-अलग वारदातों को अंजाम दिया था।
- पहली घटना : शाम 6 बजे पिपरिया कला निवासी 60 वर्षीय साहबलाल भूसारे अपनी पत्नी फूलवती के साथ बाइक से लौट रहे थे। चौरासी बाबा मोड़ के पास बाइक सवार तीन बदमाशों ने उन्हें रोककर वीवो का मोबाइल और 6,000 रुपये नकद लूट लिए।
- दूसरी घटना : शाम 7 बजे पुलिस अभी पहली जांच में जुटी ही थी कि ग्राम घोघरी के पास चौतरावाली माता मंदिर के सामने रामेश्वर भल्लावी को बदमाशों ने घेरा। डरा-धमकाकर उनसे ओप्पो का मोबाइल और 500 रुपये छीनकर आरोपी फरार हो गए।
एक्शन में पुलिस : घेराबंदी और गिरफ्तारी
वारदात के तरीके और आरोपियों की संख्या (03) एक जैसी होने के कारण पुलिस को यकीन हो गया कि यह एक ही गिरोह का काम है। पुलिस अधीक्षक साई कृष्णा थोटा एवं एएसपी अभिषेक राजन के मार्गदर्शन में एसडीओपी इटारसी वीरेन्द्र मिश्रा के पर्यवेक्षण में थाना प्रभारी तवानगर उपनिरीक्षक संजय पाण्डे ने तुरंत अलग-अलग टीमें गठित कीं। तकनीकी सहायता और मुखबिरों के जाल की मदद से पुलिस ने रात में ही घेराबंदी कर तीनों संदिग्धों को हिरासत में ले लिया।
पकड़े गए आरोपियों की पहचान राहुल बाथरे 24 वर्ष, निवासी गजपुर, खुमान सिंह उर्फ पिट्ट सिसोदिया 30 वर्ष, निवासी गजपुर और निखिल मालवीय 19 वर्ष, निवासी सोहागपुर के तौर पर हुई है। पूछताछ में आरोपियों ने दोनों लूट की घटनाओं को अंजाम देना स्वीकार किया। पुलिस ने उनके पास से लूटे गए दोनों मोबाइल (वीवो और ओप्पो, लूटी गई नकद राशि, वारदात में प्रयुक्त प्लेटिना मोटरसाइकिल सहित कुल मशरूका मूल्य लगभग 50,000 रुपये जब्त कर लिया है। आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की धारा 309 (4) के तहत मामला दर्ज कर उन्हें जेल भेज दिया गया है।
इस पूरी कार्रवाई में थाना प्रभारी संजय पाण्डे, सउनि कमलेश कवड़े, प्रधान आरक्षक हेमंत सिंह, आरक्षक संजय नरें, सुरेश धुर्वे, अनिल उइके और सायबर सेल के संदीप व दीपेश सहित रक्षा समिति सदस्य अनिल विश्वकर्मा की सराहनीय भूमिका रही।









