कठपुतली (Puppet) से विज्ञान संचार कार्यशाला
चौथे दिन कठपुतली को चलाना सीखा
डॉयलॉग डिलेवरी (Dialog delivery) को ज्यादा प्रभावी बनाने पर रहा जोर
होशंगाबाद। कठपुतली से विज्ञान संचार कार्यशाला(Puppet Science Communication Workshop) में आज प्रतिभागियों ने पपेट शो (Puppet Show) की प्रेक्टिस की। पिछले तीन दिनों से ग्लब्स (Globs) और रॉड कठपुतली (Rod Puppets) (पपेट) बनाना सीख रहे प्रतिभागियों को स्क्रिप्ट लेखन भी सिखाया। दैनिक जीवन की विभिन्न गतिविधियों से जुड़े विज्ञान, चमत्कार के पीछे का विज्ञान और अंधविश्वासों के साथ-साथ शिक्षा, स्वास्थ्य, स्वच्छता और व्यक्तित्व विकास से जुड़े विषय प्रतिभागियों को को स्क्रिप्ट राइटिंग (Script writing) के लिए दिए। अपनी लिखी स्क्रिप्ट पर प्रतिभागियों ने आज पपेट शो की प्रेक्टिस की। सर्च एंड रिसर्च डवलपमेंट सोसायटी की अध्यक्ष डॉ. मोनिका जैन और कठपुतली विशेषज्ञ जीतेन्द्र भटनागर ने प्रतिभागियों का मागदर्शन किया। कठपुतलियों के बेहतर मुखौटों के साथ प्रभावी संवाद के लिए डॉयलॉग डिलेवरी पर ज्यादा जोर दिया।
तीन दिन के प्रशिक्षण के बाद प्रतिभागियों के कठिनाईयों और जिज्ञासा पर चर्चा हुई। कठपुतली बनाने, स्क्रिप्ट लिखने, विषय का चयन करने, पब्लिक से संवाद स्थापित करने, प्रस्तुतिकरण के दौरान तारतम्यता बनाए रखने जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर प्रतिभागियों ने सवाल किए। डॉ. मोनिका जैन, डॉ. अनिल सिरवैया और जीतेन्द्र भटनागर द्वारा उनके सवालों के जवाब दिए गए।

विधायक डॉ. शर्मा (Dr. Sharma MLA)करेंगे समापन
कार्यशाला समन्वयक राहुल जोशी (Workshop Coordinator Rahul Joshi) ने बताया कि पांच दिवसीय कार्यशाला का समापन शनिवार को दोपहर 2 बजे होगा। पूर्व विधानसभा अध्यक्ष और विधायक डॉ. सीतासरन शर्मा समापन समारोह के मुख्य अतिथि होंगे। इस मौके प्रतिभागी कठपुतली से विज्ञान संचार थीम पर पपेट शो करेंगे। इसी दौरान प्रतिभागियों से कार्यशाला को लेकर फीडबैक लिया जाएगा। डॉ. शर्मा द्वारा यहां प्रतिभागियों को प्रमाण-पत्र वितरित किए जाएंगे।
सरकार का मिशन है विज्ञान संचार
ग्रामीण और दूरस्थ अंचलों में विज्ञान संचार के माध्यम से लोगों को जागरुक करने के लिए भारत सरकार व्यापक स्तर पर कार्य कर रही है। विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्रालय भारत सरकार के अंतर्गत कार्य करने वाली संस्था नेशनल काउंलिस ऑफ सांइस एंड टेक्नोलॉजी कम्युनिकेशन (National Council of Science and Technology Communication) विज्ञान संचार के क्षेत्र में सक्रिय स्वयंसेवी संस्थाओं को यह जिम्मेदारी सौंपती है। विज्ञान संचार के क्षेत्र में विगत 10 वर्षों से सक्रिय सर्च एंड रिसर्च डवलपमेंट सोसायटी होशंगाबाद जिले में विज्ञान संचारक तैयार करने का कार्य कर रही है।










ललित कलाओ, papat show के द्वारा हमारी प्राचीन संस्कृति को आज की सोशल मीडिया की आदि पीढ़ी को दिखाना बहुत आवश्यक है। आपको इस शानदार समाचार के लिए बधाई।