---Advertisement---

शरद पूर्णिमा पर संत श्रवण साध बाबा की समाधि स्थल पर चढ़ाए गए ध्वज निशान

By
On:
Follow Us

केसला। शरद पूर्णिमा के पावन और विशेष अवसर पर, श्रीश्री 1008 संत शिरोमणि श्रवण साध बाबा की समाधि स्थल, साधपुरा में, वार्षिक ध्वज निशान उत्सव का आयोजन श्रद्धा और भक्ति भाव के साथ किया। इस दिन को संत श्रवण साध बाबा के महा समाधि दिवस उत्सव के रूप में मनाया जाता है। पौराणिक मान्यता के अनुसार, संत श्रवण साध बाबा ने वर्ष 1544 ईस्वी में शरद पूर्णिमा के शुभ दिन ही जीवित समाधि ग्रहण की थी।

जयघोष के साथ चढ़ाए निशान

इस विशेष अवसर पर क्षेत्रभर के हजारों श्रद्धालु अपने-अपने घरों से श्रद्धापूर्वक ध्वज निशान लेकर समाधि स्थल पहुंचे। बाबा के चरणों में ध्वज अर्पित करते समय पूरा परिसर ‘जय बाबा श्रवण साध’ के जयघोष से गूंज उठा। यह उत्सव क्षेत्र का सबसे बड़ा धार्मिक पर्व माना जाता है और इसे श्रद्धा, भक्ति और एकता के प्रतीक के रूप में मनाया जाता है।

महाआरती और विशाल भंडारे का आयोजन

धार्मिक अनुष्ठानों के क्रम में, शाम को महाआरती का आयोजन किया गया, जिसके बाद एक विशाल भंडारे का आयोजन किया गया। इस भंडारे में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने एक साथ प्रसाद ग्रहण किया।

Rohit Nage

Rohit Nage has 30 years' experience in the field of journalism. He has vast experience of writing articles, news story, sports news, political news.

For Feedback - info[@]narmadanchal.com
Join Our WhatsApp Channel
error: Content is protected !!
Narmadanchal News
Privacy Overview

This website uses cookies so that we can provide you with the best user experience possible. Cookie information is stored in your browser and performs functions such as recognising you when you return to our website and helping our team to understand which sections of the website you find most interesting and useful.