इटारसी। वार्ड क्रमांक 22, जमानी वालों की चाल में श्रद्धा और भक्ति की जो अविरल धारा बह रही थी, उसका समापन हुआ। सरस्वती सेवा समिति एवं गृहलक्ष्मी महिला मंडल के तत्वावधान में आयोजित श्री शिव पुराण कथा के अंतिम दिन पूरा क्षेत्र शिवमय हो गया। पूर्णाहुति और भंडारे के साथ संपन्न हुए इस आयोजन में हजारों श्रद्धालुओं ने पुण्य लाभ अर्जित किया।
शिव पुराण : सत्य, करुणा और संयम का मार्ग
कथा के अंतिम दिन व्यास पीठ से पंडित देवेंद्र दुबे ने शिव महिमा, वैराग्य और मोक्ष प्राप्ति के प्रसंगों का सारगर्भित वर्णन किया। उन्होंने श्रद्धालुओं को शिव पुराण का मूल संदेश देते हुए कहा शिव पुराण केवल एक ग्रंथ नहीं, बल्कि जीवन जीने की कला है। यह हमें अहंकार और क्रोध का त्याग कर सत्य, करुणा और संयम के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है। जो मनुष्य फल की आसक्ति छोडक़र निष्काम कर्म करता है, वही महादेव की कृपा का पात्र बनता है।
हवन-पूजन और विश्व कल्याण की कामना

समापन के अवसर पर विधि-विधान से हवन और पूर्णाहुति संपन्न हुई। मंत्रोच्चार के बीच भगवान शिव का अभिषेक कर नगर, समाज और विश्व कल्याण की मंगल कामना की गई। कथा की समाप्ति के पश्चात आयोजित विशाल भंडारे में भक्तों ने कतारबद्ध होकर प्रसादी ग्रहण की।
आयोजन समिति ने कथा को सफल बनाने के लिए कथावाचक, वाद्ययंत्र वादकों, सेवाभावी कार्यकर्ताओं और श्रद्धालुओं के प्रति आभार व्यक्त किया। समिति के पदाधिकारियों ने संकल्प लिया कि भविष्य में भी ऐसे धार्मिक आयोजनों के माध्यम से समाज में आध्यात्मिक चेतना का प्रसार जारी रहेगा।









