इटारसी। शहर के वार्ड नंबर 26 चिस्तिया नगर और कब्रिस्तान क्षेत्र में पेयजल संकट और दूषित पानी की आपूर्ति ने जनजीवन को खतरे में डाल दिया है। यहां पेयजल की पाइपलाइनें नालियों के भीतर से होकर गुजर रही हैं, जिससे गंदा पानी घरों तक पहुंच रहा है। इस गंभीर समस्या को लेकर भारतीय युवा कांग्रेस के प्रवक्ता गुफरान अंसारी ने मुख्य नगर पालिका अधिकारी को पत्र लिखकर तत्काल कार्रवाई की मांग की है।
नालियों के अंदर पाइपलाइन, बीमारियों का घर
शिकायती पत्र के अनुसार, वार्ड 26 की जुग्गी बस्तियों और आसपास के क्षेत्रों में नगर पालिका प्रशासन की बड़ी लापरवाही सामने आई है। यहां पीने के पानी की पाइपलाइनें कई जगह से फूटी हुई हैं और नालियों के गंदे पानी के संपर्क में हैं। स्थिति इतनी भयावह है कि नलों के माध्यम से घरों में नालियों का मिश्रित गंदा पानी पहुंच रहा है, जिससे लोग जानलेवा बीमारियों की चपेट में आ रहे हैं।
इंदौर जैसी घटना की आशंका
गुफरान अंसारी ने अपने पत्र में चेतावनी दी है कि यदि समय रहते प्रशासन ने सुध नहीं ली, तो यहां भी इंदौर के भागीरथपुरा जैसी दुखद और अमानवीय घटना घट सकती है, जहां दूषित पानी पीने से कई लोग प्रभावित हुए थे। उन्होंने कहा कि शुद्ध पेयजल पाना हर नागरिक का मौलिक अधिकार है, लेकिन वार्ड 26 के लोग नारकीय जीवन जीने को मजबूर हैं।
प्रमुख मांगे
- वार्ड नंबर 26 की सभी पुरानी और क्षतिग्रस्त पाइपलाइनों को तत्काल दुरुस्त किया जाए।
- पाइपलाइनों को नालियों से बाहर निकालकर सुरक्षित स्थान पर शिफ्ट किया जाए।
- क्षेत्र के ट्यूबवेल की सफाई करवाई जाए ताकि निवासियों को स्वच्छ पानी मिल सके।
स्थानीय निवासियों का आक्रोश
वार्ड के लोगों का कहना है कि नगर पालिका के अधिकारी पूर्व में भी यहां आए थे, लेकिन समस्या का स्थायी समाधान अब तक नहीं हुआ है। लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही पाइपलाइन नहीं बदली गई, तो वे उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होंगे।








