इटारसी। भगवान बिरसा मुंडा शासकीय महाविद्यालय, सुखतवा में एक महत्वपूर्ण कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसका उद्देश्य पर्यावरण की शुद्धता का संदेश देना था। प्राचार्य डॉ. नीता राजपूत के संरक्षण में राष्ट्रीय सेवा योजना, मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद, नर्मदा समग्र क्षितिज वेलफेयर ऑर्गनाइजेशन और नवांकुर संस्था मां यशोमति जन कल्याण समिति विकास खंड केसला के संयुक्त तत्वावधान में ‘माटी गणेश, सिद्ध गणेश’ नामक अभियान चलाया गया।
इस अभियान के तहत, महाविद्यालय के विद्यार्थियों को मिट्टी से गणेश प्रतिमाओं का निर्माण करना सिखाया गया। समूह के सदस्यों ने इको-फ्रेन्डली प्रतिमाओं के महत्व पर जोर दिया और बताया कि ये कैसे पर्यावरण और मानव स्वास्थ्य के लिए लाभदायक हैं। उन्होंने यह भी समझाया कि भारतीय समाज में मिट्टी से बनी घरेलू वस्तुएं और प्रतिमाएं हमारी सनातन परंपरा का हिस्सा रही हैं।
इस कार्यशाला में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और मिट्टी से मूर्ति बनाने की कला सीखी। यह कौशल उन्हें भविष्य में रोजगार प्राप्त करने और आत्मनिर्भर बनने में भी सहायता करेगा। इस अवसर पर महाविद्यालय के पूर्व छात्र अंकित यादव और बड़ी संख्या में विद्यार्थी तथा समस्त महाविद्यालय परिवार उपस्थित रहा।









