नर्मदापुरम। अखिल विश्व गायत्री परिवार, शांतिकुंज हरिद्वार द्वारा राष्ट्रव्यापी स्तर पर आयोजित ‘भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा’ इस वर्ष नर्मदापुरम जिले में सफलता से हुई। जिले के 280 विद्यालयों और 10 महाविद्यालयों के लगभग 14,000 विद्यार्थियों ने इस महत्वपूर्ण परीक्षा में उत्साहपूर्वक भाग लिया।
परीक्षा का उद्देश्य और स्वरूप
यह परीक्षा कक्षा पांचवीं से बारहवीं तक के स्कूली विद्यार्थियों और महाविद्यालय स्तर के छात्रों के लिए आयोजित की गई। इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को भारतीय संस्कृति, नैतिक मूल्यों और जीवन जीने की कला से परिचित कराना है। जिला परीक्षा प्रभारी चंद्र मोहन गौर ने बताया, ‘नर्मदापुरम जिले में गायत्री परिवार द्वारा आयोजित इस परीक्षा में बड़ी संख्या में विद्यार्थियों की भागीदारी सराहनीय है। यह परीक्षा युवा पीढ़ी को अपनी जड़ों और संस्कृति से जोडऩे का एक प्रभावी माध्यम है।’ गायत्री परिजनों का भरपूर सहयोग मिला। इस विशाल आयोजन को सफल बनाने में जिला गायत्री परिवार के सैकड़ों परिजनों ने अपना अमूल्य सहयोग दिया। परीक्षा के सुव्यवस्थित संचालन के लिए जिले भर के प्रमुख कार्यकर्ता सक्रिय रहे।
आयोजन में विशेष सहयोग देने वाले प्रमुख गायत्री परिजन नर्मदापुरम से चंद्र मोहन गौर (परीक्षा जिला प्रभारी), तुलसीराम बावरिया, परसराम बातोसिया, ओम प्रकाश गौर, उमेश कुमार सिंह, शिव दयाल सूर्यवंशी, संतोषी यादव, अशोक यादव, सुरेश सराठे, मनोज मेहरा, और सुश्री दीप्ति गोहिया, इटारसी से कमल किशोर पाटीदार, राजेश चौरे, राजेश पटेल, लखन पटेल देशमुख, ज्योति बड़ोदिया और अरविंद कुमार, डोलरिया से शेखर सिंह राजपूत, और भगत सिंह राजपूत, माखननगर से संदेश अग्रवाल, महेश खंडेलवाल, और सुरेश अग्रवाल, सोहागपुर से हरिप्रसाद मांधाता, पिपरिया से सुबोध बरोलिया, प्रेम नारायण पटेल, और रामेश्वर पटेल और बनखेड़ी से कैलाश राय, और संतोष राय प्रमुख हैं।









