इटारसी। भगवान बिरसा मुंडा शासकीय महाविद्यालय सुखतवा में राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई रेड क्रॉस सोसायटी स्वामी विवेकानंद कैरियर मार्गदर्शन एवं भारतीय ज्ञान परंपरा प्रकोष्ठ के संयुक्त तत्वावधान में संविधान दिवस कार्यक्रम मनाया गया।
कार्यक्रम की शुरुआत मां सरस्वती जी, भगवान बिरसा मुंडा एवं भारत रत्न डॉ भीमराव अंबेडकर के छायाचित्र के समक्ष पुष्प अर्पित कर की गई। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि महाविद्यालय प्राचार्य डॉ नीता राजपूत रही जिनकी उपस्थिति में संविधान के प्रस्तावना की शपथ राष्ट्रीय सेवा योजना कार्यक्रम अधिकारी डॉ राधा आशीष पांडे द्वारा दिलाई।
इसके पश्चात 26/11 मुंबई ब्लास्ट में मारे गए लोगों के प्रति श्रद्धांजलि अर्पित की गई। इसके पश्चात महाविद्यालय के डॉ सतीश ठाकरे ने संविधान की उद्देश्यिका का वचन किया और बताया कि संविधान हमारे लिए कितना आवश्यक है। भाषण प्रतियोगिता में संजना नागवंशी करीना कुमरे शारदा दर्शोमा दिलीप मरकाम ने अपनी प्रस्तुति दी। महाविद्यालय की श्रीमती कामधेनु पटोदिया ने संविधान निर्माता डॉ भीमराव अंबेडकर के जीवन वृत के बारे में बदलते हुए संविधान की आवश्यकता पर प्रकाश डाला।
संविधान निर्माण के महत्वपूर्ण बिंदुओं पर अपने विचार प्रस्तुत किया। प्राचार्य महोदय द्वारा बताया गया कि हमें भारतीय संविधान में मौलिक कर्तव्य और मौलिक अधिकार दिए है जिन्हें जानना बहुत आवश्यक है यह सब हमें भारतीय होने पर गर्व की अनुभूति कराता है। उन्होंने बताया कि आज भी भारत का हस्त लिखित संविधान की मूल प्रति संसद के हाल में तथा ग्वालियर म्यूजियम में सुरक्षित रखी गई है। भारतीय ज्ञान परंपरा प्रकोष्ठ प्रभारी डॉ शाफिया जहरा के नेतृत्व में संविधान ट्री का निर्माण किया गया जिस पर कार्यपालिका, न्यायपालिका विधायिका जैसे विभिन्न बिंदुओं एवं अनुच्छेदों को लिख कर विद्यार्थियों ने अपने ज्ञान में वृद्धि की।
कार्यक्रम का संचालन राष्ट्रीय सेवा योजना कार्यक्रम अधिकारी डॉ राधा आशीष जी द्वारा किया गया और बताया गया कि हम पूरे विश्व के सबसे बड़े संविधान वाले देश के नागरिक है। इसके पश्चात प्रश्न मंच, निबंध, लघु फिल्म रक्तदान जागरूकता रैली, स्वास्थ और स्वक्षता तथा सफाई अभियान जैसे कार्यक्रम कराए गए। कार्यक्रम में डॉ प्रवीण कुशवाहा डॉ धीरज गुप्ता डॉ महेंद्र चौधरी डॉ सौरभ तिवारी श्रीमती संध्या उपाध्याय एवं बड़ी संख्या में राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवक एवं छात्र- छात्राये उपस्थित थे।








