BREAK NEWS

जानिये, ये हैं पांच दिवसीय दीपावली के पूजन मुहूर्त

जानिये, ये हैं पांच दिवसीय दीपावली के पूजन मुहूर्त

इटारसी। दीपावली (Deepawali) मुहूर्त और सूर्यग्रहण (Solar Eclipse) को लेकर धर्मसंघ शाखा इटारसी (Dharmasangh Branch Itarsi) की एक बैठक श्री दुर्गा मंदिर दुर्गा चौक (Shri Durga Mandir Durga Chowk) में आयोजित हुई। बैठक में पं. राम गोपाल त्रिपाठी, पं. प्रभात शर्मा, पं. प्रमोद भार्गव, पं. रामानंद शर्मा, पं. अशोक शर्मा सहित धर्मसंघ के अनेक सदस्य उपस्थित रहे।
बैठक के बाद धर्मसंघ ने जानकारी दी कि पांच दिवसीय दीपोत्सव के अवसर पर सूर्य ग्रहण (Solar Eclipse) है। भारत (India) में दिखाई देने वाले ग्रहणों में यह साल का प्रथम ग्रहण है, जिसका प्रभाव लक्ष्मीपूजन (Lakshmi Puja) उपरांत दूसरे दिन उत्तर पूजन विसर्जन आदि पर होगा। पांच दिवसीय पर्व में प्रथम दिन रविवार को धन तेरस एवं धनवंतरी जयंती मनायी जाएगी। इस दिन स्वर्ण-चांदी के पात्रों की खरीदी का महत्व है तथा धन लक्ष्मी पूजन सायंकाल अन्न की ढेरी पर तेल का दीपक प्रज्वलित कर रखें तथा दीपदान करें।
दूसरे दिन रूप चतुर्दशी 24 अक्टूबर सोमवार को है। इस दिन तेल उबटन आदि लगाकर स्नान करना चाहिए। लक्ष्मीपूजन अर्थात दीवाली भी 24 अक्टूबर को ही है। लक्ष्मी का पूजन प्रदोषकाल में अमावस्या होने पर करना चाहिए। इस वर्ष 24 अक्टूबर को अमावस्या सायंकाल प्रारंभ हो जाएगी। अत: सोमवार को ही लक्ष्मीपूजन कर दीपोत्सव मनायें। सूर्यग्रहण के सूतक लगने के पहले अर्थात 25 अक्टूबर को प्रात: 4:30 बजे के पूर्व ही लक्ष्मी, गणेश जी एवं कलश आदि स्थापित कर देवताओं का विसर्जन करें।

गोवर्धन पूजा और अन्नकूट

यह पर्व कार्तिक शुक्ल प्रतिपदा को मनाने का आदेश है। 26 अक्टूबर बुधवार को प्रतिपदा है। इस दिन गोबर के गोवर्धन बनाकर उनका पूजन करें तथा अनेक प्रकार के भोज्य पदार्थ बनाकर भगवान श्रीकृष्ण (Lord Shri Krishna) को भोग लगाकर प्रसाद वितरण कर ग्रहण करें।

यम द्वितीया/भाईदूज

इस वर्ष यह पर्व 27 अक्टूबर गुरुवार को है। इस दिन बहन के घर भाई भोजन करें, बहिन-भाई के यमुना में स्नान करने से एवं किनारे पर भोजन करने से भाई बहन की आयुवृद्धि एवं बहन के सौभाग्य की वद्धि होती है।

सूर्य ग्रहण

25 अक्टूबर मंगलवार को सूर्यग्रहण लगेगा जो भारत में देखा जाएगा। इसका प्रभाव विशेषकर तुला राशि वालों को अशुभ होगा। इटारसी में यह 4:44 बजे से देखा जायेगा, ग्रहण का मोक्ष 6:29 पर होगा किन्तु सूर्यास्त के पूर्व में 5:39 पर होगा। इसका सूतक प्रात: 4:44 पर प्रारंभ होगा।

दीपोत्सव पर्व के मुहूर्त

सोमवार 24 अक्टूबर को गादी बिछाने का मुहूर्त

  • – वृश्चिक में श्रेष्ठ मुहूर्त प्रात: 10:15 से 10:30 बजे तक
  • – मीन में सर्वश्रेष्ठ मुहूर्त शाम 3:55 से 4:05 बजे तक
    लक्ष्मीपूजन
  • – सायंकाल गोधूलि बेला एवं प्रदोषकाल में 4:52 मिनट से
  • – स्थिर वृष लग्न में 6:53 बजे से 8:49 बजे तक
  • – मिथुन लग्न में 8:50 बजे से 11:03 बजे तक
  • – लाभ के चौघडिय़ा में 10:33 बजे से 12:10 बजे तक
  • – रात्रि में स्थिर लग्न सिंह 01:21 बजे से 3:35 बजे तक
  • – व्यापार मुहूर्त – 27 अक्टूबर गुरुवार को धनु में श्रेष्ठ मुहूर्त 11:15 बजे से प्रारंभ
CATEGORIES
TAGS
Share This

AUTHORRohit

I am a Journalist who is working in Narmadanchal.com.

COMMENTS

Wordpress (0)
Disqus (0 )
error: Content is protected !!